क्षेत्र में ब्याज का अनोखा खेल
क्षेत्र में ब्याज का अनोखा खेल ,,,, जरूरतमंदों से 10 से 20 प्रतिशत तक ब्याज वसूले जाने की चर्चा,,,, ब्याज माफिया का जाल: 10 से 20% ब्याज और 'ब्लैंक चेक' का खेल, बर्बादी की कगार पर दर्जनों व्यापारी और जरूरत मंद ,,, ब्लैंक चेक के सहारे कर्ज का कारोबार,
क्षेत्र में ब्याज का अनोखा खेल
जरूरतमंदों से 10 से 20 प्रतिशत तक ब्याज वसूले जाने की चर्चा
ब्याज माफिया का जाल: 10 से 20% ब्याज और 'ब्लैंक चेक' का खेल, बर्बादी की कगार पर दर्जनों व्यापारी और जरूरत मंद
ब्लैंक चेक के सहारे कर्ज का कारोबार,
कई दुकानदारों के बर्बाद होने की खबर



बगैर लाइसेंस साहूकारी का आरोप,
जरूरतमंदों की मजबूरी का उठाया जा रहा फायदा!
छुईखदान===क्षेत्र में ब्याज पर पैसे देने के कारोबार को लेकर चर्चाएं तेज हो गए हैं। आरोप है कि आर्थिक रूप से कमजोर और जरूरतमंद लोगों को पैसे उधार देकर उनसे 10 से 20 प्रतिशत तक ब्याज वसूला जा रहा है। इस कथित कारोबार में ब्लैंक चेक का इस्तेमाल किए जाने की बात भी सामने आ रही है, जिससे कर्ज लेने वाले लोगों की मुश्किलें बढ़ने की आशंका है।
स्थानीय स्तर पर चर्चा है कि आर्थिक तंगी के कारण कर्ज लेने वाले कुछ दुकानदार,, शासकीय कर्मचारी,,जरूरत मंद,,ब्याज और मूलधन चुकाने के दबाव में अपना कारोबार तक गंवा चुके हैं। जरूरत के समय लिया गया कर्ज कई परिवारों के लिए आर्थिक संकट का कारण बनता जा रहा है।जरूरतमंदों की मजबूरी का फायदा उठाकर चलाया जा रहा है अवैध कर्ज का कारोबार में सिक्योरिटी के नाम पर लिए जा रहे हैं दस्तखत किए हुए ब्लैंक चेक।
बिना लाइसेंस साहूकारी का आरोप
क्षेत्र में कथित तौर पर बिना वैध लाइसेंस के ब्याज पर रकम देने का कारोबार संचालित होने की शिकायतें हैं। यदि बिना आवश्यक अनुमति के साहूकारी की जा रही है और मनमाने तरीके से ब्याज वसूला जा रहा है, तो इसकी जांच कर संबंधित नियमों के तहत कार्रवाई की जरूरत है।
जांच और कार्रवाई की मांग
अब सवाल यह है कि जरूरतमंदों को कर्ज देने के नाम पर कथित रूप से चल रहे इस कारोबार की जांच कौन करेगा? क्या संबंधित विभाग ब्याज पर रकम देने वालों के लाइसेंस और लेन-देन की जांच करेंगे? ब्लैंक चेक लेकर कर्ज देने के मामलों की भी निष्पक्ष जांच होनी चाहिए, ताकि किसी के साथ अनुचित व्यवहार न हो। जबकि ब्लैंक चेक का गलत इस्तेमाल करके ब्लैकमेल करना या फर्जी रकम भरना धोखाधड़ी की श्रेणी में आता है।
छुईखदान के क्षेत्रवासियों ने मांग की है कि प्रशासन मामले को गंभीरता से लेते हुए शिकायतों की जांच करे और यदि अनियमितताएं प्रमाणित होती हैं, तो नियमानुसार कार्रवाई की जाए। साथ ही, कर्ज के जाल में फंसे जरूरतमंदों को उचित कानूनी सहायता उपलब्ध कराने की दिशा में भी पहल होनी चाहिए। इस क्षेत्र में कितने लोगों के पास साहूकारी का लाइसेंस है। उनकी जांच होनी चाहिए। उनके खाते की जांच होनी चाहिए।।